1977 के चुनाव के बाद अगर देखा जाए तो ज्यादातर समय इस सीट पर कई बार कब्जा लालू प्रसाद यादव का रहा है या फिर उनके समर्थित प्रत्याशी का.
जानिए क्यों सारण को अपनी पुश्तैनी सीट बता रहे हैं तेजप्रताप यादव
Reviewed by Sailesh kumar
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12:09 AM
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